किसी दौरान मैंने एक प्यारी सी लड़की को जन्म दिया 4 महीने की होने के बाद फिर मेरे हस्बैंड मुझे गांव लेकर के गया क्योंकि बच्चे को दिखाने का था उसके मां-बाप को फिर मुझे छोड़ कर आ गया शहर मुझे उसे घर मुझे रोज अपने ससुराल में ताना और मार सहने वालों किसी को कुछ नहीं बताया क्योंकि मैंने अपनी मोहब्बत के साथ ही निकाह की थी कुछ दिन फिर मैं वहां रुक फिर मेरा कुछ शहर बुला लिया गया फिर मैं लड़की थोड़ी बड़ी हो गई थी उसके बाद उसको मरते थे अपनी बात मनवाने के लिए मुझे धमकाया जाता था क्योंकि अपने मां-बाप को बात नहीं सकती थी मैं बहुत मजबूर थी अपने किए हुए पर मैं पछता रही थी कहानी जिसकी आज भी मुझे पछतावा हो रही है मैं एक कहानी सीख देना चाहती हूं कि ऐसा कोई गलती ना करें कोई अपने मां-बाप की हर बात माने मां बाप है तो सब कुछ है दुनिया में क्योंकि नहीं तो कहीं का नहीं रहोगे और ऐसा लग रहा था कि मैं अंदर से बहुत अकेली हूं कोई मेरा सहारा नहीं बहुत टूटी हुई घबराए हुए रहती थी ना कोई दोस्त सब छूट गया था पीछे ही मेरा ना तो किसी से बात करने को देते थे ना मैं खुद कर पाती थी एक वफादार बीवी थी एक जमाना ऐसा है कि मैं बहुत बीमार पड़ गई थी करने की हालत हो चुकी थी मेरे मां-बाप का रो रो कर का बहुत बुरा हाल था क्योंकि मैं अपने घर की अक्ली बेटी थी तो फिर मेरे शहर दिन भर अपने काम के सिलसिला में रहती थी और मैं बहुत अकेली हुआ करती थीं दिन भर घर का काम करके बच्चों को दिन भर संभालती रहती थी बस दौरान यह हुआ उसे समय में बड़ा मोबाइल खरीद लिया फिर मैं फेसबुक चलाने लगे फेसबुक चलाने से मेरे को बहुत सारे फ्रेंड मिलने लगे मैं उनसे बातचीत करने लगा हूं क्योंकि मेरा दिल भी बहल जाता था क्योंकि यहां पर कोई तो था ही नहीं मेरे साथ अंदर से अकेली थी उसे दौरान मुझे एक लड़के से गहरी दोस्ती हो गई है न जाने कभी यह प्यार में तब्दील हो गया उसके बगैर मुझे कुछ अच्छा नहीं लग रहा था कब मैं इसके पास जाऊं पर वह मतलबी था तो कभी हमसे कोई प्यार ही नहीं हुआ था सिर्फ और टाइम पास करता था और मैं अंदर से टूट जाती थी टूट रही थी करो तो करो किसको सुनाओ ना मैं किसी को बता सकती हूं तो पहले से ही टूटे हुए थे और यह भी मुझे धोखा दे दिया है अपने किए पर मुझे बहुत पछतावा हो रही थी उसके साथ में 5 साल रिलेशनशिप में रहा रियल में मिले तो नहीं वीडियो कॉल ऑडियो कॉल पर बात होती थी क्योंकि वह सोशल में बहुत प्यार दिखाया है जब मैं उसको भाव नहीं दिया मुझे डर था अपने हस्बैंड का अगर उसको मालूम हो जाएगा तो मेरे साथ क्या करोगे इसलिए मैं उसको भाव नहीं दे रहा था
